LIVE | ...
रविवार, 23 अगस्त 2026
🏅 सोना ... | 🥈 चांदी ...
The News Air
📈 NIFTY 50 ... | 🏦 NIFTY BANK ...
No Result
View All Result
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - SC Vs President: क्या अब राष्ट्रपति को लेना पड़ेगा Supreme Court से Approval?

SC Vs President: क्या अब राष्ट्रपति को लेना पड़ेगा Supreme Court से Approval?

Tamil Nadu Verdict से मचा बवाल! Supreme Court के फैसले ने खोले Constitutional Debate के दरवाज़े

The News Air Team by The News Air Team
मंगलवार, 15 अप्रैल 2025
in Breaking News, NEWS-TICKER, राष्ट्रीय, सियासत
A A
0
Supreme-court-
104
SHARES
691
VIEWS
ShareShareShareShareShare

Supreme Court Judgment : सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) द्वारा हाल ही में दिए गए एक फैसले के बाद यह बहस तेज हो गई है कि क्या राष्ट्रपति (President) को अब हर विधेयक (Bill) की संवैधानिकता पर राय लेने के लिए सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court) का रुख करना अनिवार्य हो सकता है। यह विवाद तमिलनाडु (Tamil Nadu) में राज्यपाल (Governor) द्वारा 10 विधेयकों को लंबित रखने से संबंधित सुनवाई के दौरान सामने आया, जिसमें कोर्ट ने कहा कि राज्यपाल किसी भी विधेयक को लंबे समय तक अटकाकर नहीं रख सकते। साथ ही राष्ट्रपति को भी यदि कोई फाइल भेजी जाती है, तो वह उसे तीन महीने से अधिक समय तक लंबित न रखें। अगर किसी विधेयक को पारित नहीं किया जाता है, तो उसका स्पष्ट कारण राज्यों को बताया जाना चाहिए।

तमिलनाडु (Tamil Nadu) में राज्यपाल (Governor) द्वारा 10 विधेयकों को रोके जाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) द्वारा दिए गए निर्देशों के बाद संविधान (Constitution) की व्याख्या और राष्ट्रपति की भूमिका को लेकर गंभीर प्रश्न उठने लगे हैं। न्यायमूर्ति जे. पी. पारदीवाला (Justice J.P. Pardiwala) और आर. महादेवन (Justice R. Mahadevan) की खंडपीठ ने स्पष्ट किया कि विधेयकों को मंजूरी देने में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए और यदि राष्ट्रपति (President) किसी फाइल को मंजूरी नहीं देते, तो उसकी ठोस वजह होनी चाहिए।

इस फैसले को लेकर अब कानूनी विशेषज्ञ यह सवाल उठा रहे हैं कि क्या यह सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) की तरफ से विधायी कार्यों में हस्तक्षेप माना जा सकता है। संविधान के अनुच्छेद 201 (Article 201) में ऐसा कोई समय सीमा का निर्धारण नहीं किया गया है कि राज्यपाल किसी विधेयक को कितने दिनों में राष्ट्रपति के पास भेजें और राष्ट्रपति कितने दिनों में उस पर निर्णय लें। लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट ने तीन महीने की सीमा तय कर दी है, जो इस मुद्दे को और जटिल बना रही है।

यह भी पढे़ं 👇

Chandrayaan

23 अगस्त का इतिहास: William Wallace Execution से Chandrayaan-3 तक की बड़ी घटनाएं

रविवार, 23 अगस्त 2026
Weather Alert

Weather Alert: बंगाल की खाड़ी में Low Pressure Area, ओडिशा-छत्तीसगढ़ में भारी बारिश का अलर्ट

रविवार, 23 अगस्त 2026
Breaking News Live Updates 23

Breaking News Live Updates 23 अगस्त 2026: Sunday Live, हर बड़ी खबर सबसे पहले

रविवार, 23 अगस्त 2026
Daily Rashifal 23 August 2026

आज का राशिफल 23 अगस्त 2026: जानें सभी 12 राशियों का भविष्य, पंचांग और शुभ मुहूर्त

रविवार, 23 अगस्त 2026

एक अन्य बड़ा सवाल यह भी सामने आया है कि क्या अनुच्छेद 143 (Article 143) के तहत सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) राष्ट्रपति को विवश कर सकता है कि वह किसी विधेयक की संवैधानिकता पर अदालत से राय लें? कोर्ट ने कहा कि यदि किसी विधेयक की वैधता को लेकर शंका हो, तो राष्ट्रपति सर्वोच्च न्यायालय की राय ले सकते हैं। यह एक बड़ा संवैधानिक संदेश है, जिससे कार्यपालिका और न्यायपालिका के अधिकारों की सीमाएं दोबारा चर्चा में आ गई हैं।

कानूनी जानकारों का मानना है कि इस आदेश के ज़रिए अदालत ने यह भी संकेत दिया है कि संविधान से जुड़े किसी भी मुद्दे में न्यायालय की राय को अनदेखा नहीं किया जा सकता। बेंच ने यह भी कहा कि किसी विधेयक के कानून बनने से पहले उसकी संवैधानिकता पर सर्वोच्च न्यायालय से राय ली जा सकती है, जिससे स्पष्ट होता है कि अदालत इस प्रक्रिया में अपनी भूमिका को नकारने के मूड में नहीं है।

अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि केंद्र सरकार इस फैसले को स्वीकार करती है या इसके खिलाफ पुनर्विचार याचिका (Review Petition) दायर करती है। लेकिन एक बात तय है कि इस आदेश ने राष्ट्रपति की भूमिका, विधायी प्रक्रिया और सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक स्थिति को लेकर नई बहस छेड़ दी है।

ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

Robert Vadra को ED समन! Land Deal में बड़ा खुलासा, Priyanka Gandhi पर भी उठे सवाल

Next Post

Mohali में ED Raid! AAP विधायक कुलवंत सिंह के घर Land Scam को लेकर बड़ी कार्रवाई

The News Air Team

The News Air Team

द न्यूज़ एयर टीम (The News Air Team) अनुभवी पत्रकारों, विषय विशेषज्ञों और शोधकर्ताओं का एक समर्पित समूह है, जो पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और त्वरित समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी टीम राजनीति, सरकारी योजनाओं, तकनीक और जन-सरोकार से जुड़े मुद्दों पर गहराई से विश्लेषण कर तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग करती है। 'द न्यूज़ एयर' का मुख्य उद्देश्य डिजिटल पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखना और समाज के हर वर्ग को जागरूक करना है। हम हर खबर को पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ आप तक पहुँचाते हैं, ताकि आपको मिले केवल भरोसेमंद जानकारी।

Related Posts

Chandrayaan

23 अगस्त का इतिहास: William Wallace Execution से Chandrayaan-3 तक की बड़ी घटनाएं

रविवार, 23 अगस्त 2026
Weather Alert

Weather Alert: बंगाल की खाड़ी में Low Pressure Area, ओडिशा-छत्तीसगढ़ में भारी बारिश का अलर्ट

रविवार, 23 अगस्त 2026
Breaking News Live Updates 23

Breaking News Live Updates 23 अगस्त 2026: Sunday Live, हर बड़ी खबर सबसे पहले

रविवार, 23 अगस्त 2026
Daily Rashifal 23 August 2026

आज का राशिफल 23 अगस्त 2026: जानें सभी 12 राशियों का भविष्य, पंचांग और शुभ मुहूर्त

रविवार, 23 अगस्त 2026
Raja Rallia Ram Heritage

Raja Rallia Ram Heritage: राजा रलिया राम की विरासत बचाने की गुहार, जमीन कब्जे और जाली रजिस्ट्री के आरोप

शनिवार, 22 अगस्त 2026
GMADA Auction

GMADA Auction: गमाडा की नीलामी से ₹5400 करोड़ का रिकॉर्ड राजस्व, 27 प्रॉपर्टीज़ बिकीं

शनिवार, 22 अगस्त 2026
Next Post
Aam Aadmi Party MLA Kulwant Singh ED House And Location Search

Mohali में ED Raid! AAP विधायक कुलवंत सिंह के घर Land Scam को लेकर बड़ी कार्रवाई

Bajwa Bomb बयान से मचा सियासी बवाल, Chandigarh से Mohali तक Congress-AAP आमने-सामने

Heatwave Alert

Punjab में Heatwave Alert, Weather बदलेगा कल से – 5 दिन में तेज़ी से बढ़ेगा Temperature!

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।