इस समय रवाने हुए सुरक्षा काफिले
पहला सुरक्षा काफिला सुबह 3:05 बजे 68 वाहनों में 1,918 यात्रियों को लेकर उत्तरी कश्मीर के बालटाल बेस कैंप के लिए रवाना हुआ। जबकि दूसरा सुरक्षा काफिला सुबह 3:50 बजे 94 वाहनों में 2,957 यात्रियों को लेकर दक्षिण कश्मीर के नुनवान बेस कैंप के लिए रवाना हुआ। दोनों सुरक्षा काफिले दोपहर तक घाटी में पहुंच जाते हैं। यह पवित्र गुफा कश्मीर हिमालय में समुद्र तल से 3,888 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है। भक्त या तो पारंपरिक दक्षिण कश्मीर पहलगाम मार्ग से या फिर उत्तर कश्मीर बालटाल मार्ग से गुफा मंदिर तक पहुंचते हैं।
इस वर्ष 29 अगस्त को संपन्न होगी यात्रा
श्रद्धालु या तो 48 किलोमीटर लंबे पारंपरिक पहलगाम गुफा मंदिर मार्ग से यात्रा करते हैं या फिर 14 किलोमीटर लंबे बालटाल मार्ग से यात्रा करते हैं। पहलगाम मार्ग का उपयोग करने वालों को गुफा मंदिर तक पहुंचने में चार से पांच दिन लगते हैं, जबकि बालटाल मार्ग का उपयोग करने वाले लोग गुफा मंदिर के अंदर ‘दर्शन’ करने के बाद उसी दिन आधार शिविर लौट आते हैं। इस वर्ष की यात्रा 52 दिनों के बाद 29 अगस्त को श्रावण पूर्णिमा और रक्षाबंधन त्योहार के साथ संपन्न होगी।








