Anti-Drug Campaign Punjab 2026 : राज्य से नशों के पूर्ण उन्मूलन के लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर शुरू किए गए अभियान “ युद्ध नशों विरुद्ध” के 328वें दिन पंजाब पुलिस ने आज 387 स्थानों पर छापेमारी की। इसके परिणामस्वरूप राज्य भर में 96 एफआईआर दर्ज कर 170 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया गया। इसके साथ ही 328 दिनों में गिरफ्तार किए गए कुल नशा तस्करों की संख्या 46,381 हो गई है।
इन छापेमारियों के दौरान गिरफ्तार किए गए नशा तस्करों के कब्जे से 485 ग्राम हेरोइन, 120 किलोग्राम भुक्की, 1184 नशीली गोलियां/कैप्सूल तथा 7400 रुपये की ड्रग मनी बरामद की गई है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पुलिस आयुक्तों, उपायुक्तों और एसएसपी को पंजाब को नशा मुक्त राज्य बनाने के निर्देश दिए हैं। पंजाब सरकार द्वारा नशों के खिलाफ युद्ध की निगरानी के लिए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की अध्यक्षता में 5 सदस्यीय कैबिनेट सब-कमेटी का भी गठन किया गया है।
इस अभियान के दौरान 73 गजेटेड अधिकारियों की निगरानी में 1000 से अधिक पुलिस कर्मियों वाली 120 से अधिक पुलिस टीमों ने राज्य भर में 387 स्थानों पर छापेमारी की। दिन भर चले इस ऑपरेशन के दौरान पुलिस टीमों ने 409 संदिग्ध व्यक्तियों की जांच भी की।
गौरतलब है कि पंजाब सरकार ने राज्य से नशों के उन्मूलन के लिए तीन-स्तरीय रणनीति—इन्फोर्समेंट, डी-एडिक्शन और प्रिवेंशन (ईडीपी)—लागू की है। इस रणनीति के तहत पंजाब पुलिस ने आज 47 व्यक्तियों को नशा छोड़ने और पुनर्वास उपचार लेने के लिए सहमत किया है।
अभियान की 5 बड़ी बातें (Key Highlights)
विशाल छापेमारी: 73 गजेटेड अधिकारियों की अगुवाई में 120 पुलिस टीमों ने राज्य भर में 387 संदिग्ध स्थानों पर दबिश दी।
भारी गिरफ्तारियां: अभियान के 328वें दिन 96 FIR दर्ज की गईं और 170 तस्करों को दबोचा गया। अब तक कुल गिरफ्तारियों की संख्या 46,381 हो गई है।
बरामदगी का विवरण: तलाशी के दौरान 485 ग्राम हेरोइन, 120 किलो भुक्की और 1184 नशीले कैप्सूल/गोलियां ज़ब्त की गईं।
EDP रणनीति: पंजाब सरकार Enforcement (शक्ति), De-addiction (नशा मुक्ति) और Prevention (रोकथाम) की तीन-स्तरीय रणनीति पर काम कर रही है।
सामाजिक सुधार: पुलिस ने केवल अपराधी ही नहीं पकड़े, बल्कि 47 व्यक्तियों को नशा छोड़ मुख्यधारा में लौटने और पुनर्वास केंद्र (Rehab) जाने के लिए प्रेरित किया।







